बाहुबली पूर्व सासंद आनंद मोहन को भागलपुर केंद्रीय कारा से वापस सहरसा जेल भेजा गया

बाहुबली पूर्व सासंद आनंद मोहन को भागलपुर केंद्रीय कारा से वापस सहरसा जेल भेजा गया

भागलपुर।  
बिहार विधानसभा चुनाव के समय सहरसा जेल से भागलपुर केंद्रीय जेल भेजे गए बाहुबली पूर्व सांसद आनंद मोहन को वापस सहरसा जेल भेज दिया गया है। रविवार की अल सुबह उन्हें विशेष केंद्रीय कारा से सहरसा वापस भेजा गया। दो महीने के लिए पूर्व बाहुबली सांसद को बीते 21 अक्टूबर को सहरसा जेल से भागलपुर लाया गया था। 

आपको बता दें कि बिहार चुनाव 2020 में राजद की सदस्यता ग्रहण करने के बाद बाहुबली और पूर्व सांसद आनंद मोहन की पत्नी लवली आनंद को सहरसा विधानसभा सीट और बेटे चेतन आनंद को शिवहर विधानसभा सीट से राजद ने अपना कैंडिडेट बनाया था। इसके बाद प्रशासनिक आधार पर बाहुबली सांसद को 21 अक्टूबर को भागलपुर शिफ्ट किया गया था। भागलपुर विशेष केंद्रीय कारा के अतिसुरक्षित तृतीय खंड में बंद अन्य बंदियों के साथ उन्हें रखा गया था।

बाहुबली नेता आनंद आनंद मोहन ने अन्न छोड़ दिया था
वहीं सहरसा जेल से भागलपुर विशेष केंद्रीय कारा शिफ्ट किए जाने से नाराज पूर्व सांसद व बाहुबली नेता आनंद आनंद मोहन ने अन्न छोड़ दिया। नाराज आनंद मोहन ने जेल आईजी को पत्र लिखकर राजनीतिक द्वेष के कारण भेजे जाने का आरोप लगाया था। इस दौरान उन्होंने सहरसा जेल भेजे जाने तक अन्न ग्रहण नहीं करने का ऐलान कर दिया था। वे सिर्फ नींबू-पानी ले रहे थे। हालांकि 18 दिन बाद जेल प्रशासन के मनाने के बाद उन्होंने अन्न लेना शुरू कर दिया था। इसके बाद 10 नवंबर को चुनाव रिजल्ट आने के बाद आनंद मोहन की पत्नी लवली आनंद और उनकी बेटी ने विशेष केंद्रीय आकर उनसे मुलाकात की और स्वास्थ्य के बारे में जेल प्रशासन से बात की। बीते 17 नवंबर को बाहुबली सांसद आनंद मोहन ने पेरोल के लिए आवेदन दिया था।

बिहार चुनाव में पत्नी लवली आनंद हारीं तो बेटा चेतन आनंद जीते
आपको बता दें कि बिहार चुनाव 2020बेटे चेतन आनंद को  में पूर्व सांसद आनंद मोहन की पत्नी और सहरसा विधानसभा सीट से राजद उम्मीदवार लवली आनंद हार गईं थीं वहीं शिवहर विधानसभा सीट से राजद कैंडिडेट चेतन आनंद की जीत हुई थी।