बिहार के रेल यात्रियों को पटना से बनारस और गुवाहाटी के लिए हाईस्पीड ट्रेन की सौगात

 बिहार के रेल यात्रियों को पटना से बनारस और गुवाहाटी के लिए हाईस्पीड ट्रेन की सौगात

पटना 
पटना से बनारस और गुवाहाटी के लिए रेल यात्रियों को हाईस्पीड ट्रेन की सौगात मिली है। केंद्रीय बजट में इसके लिए सरकार ने विशेष प्रावधान किए हैं। बजटीय प्रावधानों के अनुसार यूपी व बिहार के इलाके बंगाल के रास्ते पूर्वोतर भारत से हाईस्पीड रूट से जुड़ेंगे। बनारस से पटना होते गुवाहाटी तक के हाईस्पीड रूट से लोगों का समय बचेगा।माना जा रहा है कि पटना से गुवाहाटी के बीच की रफ्तार पांच से छह घंटे में तय हो सकेगी जबकि पटना वाराणसी के बीच मात्र दो घंटे का सफर होगा। हाईस्पीड ट्रेन के लिहाज से पटरियों को दुरुस्त करने का काम जल्द शुरू होगा। 


पूर्व मध्य रेल के पूर्व जीएम और रेलवे मामलों के विशेषज्ञ मधुरेश कुमार ने कहा कि लगभग एक हजार किमी से अधिक की दूरी चंद घंटों में तय होने से यात्रियों के समय की बड़ी बचत होगी। पटना से बनारस के बीच 245 किमी की दूरी है जबकि पटना से गुवाहाटी की 886 किमी का सफर हाइस्पीड ट्रेन से तय होगा।

रेलवे के विशेषज्ञ मधुरेश कुमार डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डीएफसी) रेलवे को गेम चेंजर की तरह मान रहे हैं। उनके अनुसार भारतीय रेलवे के इतिहास में ऐसा पहली बार होने जा रहा है कि गुड्स व पैसेंजर के लिए अलग समानांतर रूट होगा। सोनपुर गोमो रेलखंड को डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के रूप में विकसित किया गया है। डीएफसी रेलवे के ओवरऑल सिस्टम को बदल देगा। रेलवे बोर्ड के एक अधिकारी ने बताया कि भारतीय रेलवे के संदर्भ में पहले यह कांसेप्ट था कि कोई ऐसा रूट हो जिसपर हाईस्पीड में ट्रेन चलाई जाए। लेकिन अब बजट में इसपर सहमति दे दी गई है। इससे माल ढुलाई से लेकर यात्री ट्रेनों की पंक्चुअलिटी में 10 गुना तक इजाफा होगा।