दिल्ली में कोरोना से 82 फीसदी मौत बुजुर्गों की हुई है, घर से बाहर न निकलें- केजरीवाल

दिल्ली में कोरोना से 82 फीसदी मौत बुजुर्गों की हुई है, घर से बाहर न निकलें- केजरीवाल

 
नई दिल्ली

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रविवार को कहा कि राजधानी में कोरोना से बुजुर्गों की मौत ज्यादा हो रही है। मरने वालों में 82 प्रतिशत लोग 50 साल से अधिक उम्र वाले हैं। सीएम ने कहा कि दिल्ली में कोरोना के 6923 मामले हैं, जबकि 73 लोगों की मौत हुई है। करीब 1476 लोग अस्पताल में भर्ती हैं, जिसमें 91 आईसीयू में हैं। कोरोना से अबतक 2091 लोग ठीक हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली में कोरोना वायरस के 75 प्रतिशत मामलों में लक्षण नहीं थे या हल्के लक्षण थे। ऐसे लोगों को हमने घर पर आइसोलेट करने का इंतजाम किया है। बता दें कि रविवार को केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दिल्ली में कोरोना वायरस की मौजूदा स्थिति की जानकारी दी।


एंबुलेंस की दिक्कत दूर की
केजरीवाल ने कहा कि हमें पता चला कि एंबुलेंस की दिक्कत हो रही थी। इसलिए शनिवार को आदेश निकालकर प्राइवेट अस्पतालों की एंबुलेंस भी ले ली हैं। प्राइवेट अस्पतालों के साथ-साथ उन्हें सरकारी ड्यूटी भी करनी होगी। उन्होंने कहा कि इस फैसले से मुझे उम्मीद है कि एंबुलेंस की दिक्कत नहीं आएगी। लोगोंं को समय से इलाज मिल सकेगा।
 
ज्यादातर कोरोना के मरीजों को हल्के लक्षण या कोई भी लक्षण नहीं होते। ऐसे लोगों को अस्पताल में भर्ती होने की ज़रूरत नहीं। उनका इलाज हम उनके घर पर ही करते हैं। इसके लिए हमारी टीम रोज़ उनके लगातार सम्पर्क में रहती है और उनका ख़्याल रखती है।
 
कोरोना वॉरियर्स का इलाज करना सरकार की जिम्मेदारी
केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में गंभीर केस की संख्या काफी कम हो गई है। कम लक्षण वाले मरीजों के घर पर इलाज के लिए मेडिकल टीम भेजी जा रही है। उन्होंने कहा कि कोरोना वॉरियर्स अगर कोविड-19 से बीमार होता है तो उनके इलाज की व्यवस्था होटल में की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार के इस फैसले पर विपक्ष ने राजनीति शुरू कर दी है। इससे मुझसे बहुत पीड़ा हुई। उन्होंने कहा जो लोग दूसरों की जिंदगी बचाने के लिए अपनी जान को जोखिम में डाल रहे हैं उनका अच्छा इलाज कराना सरकार की जिम्मेदारी है। सरकार अपनी जिम्मेदारी पूरा करेगी।