Covid : मरीजों से ओवरचार्जिंग पड़ी महंगी, प्राइवेट अस्पताल संचालकों के खिलाफ एफआईआर, लाइसेंस रद्द

Covid : मरीजों से ओवरचार्जिंग पड़ी महंगी, प्राइवेट अस्पताल संचालकों के खिलाफ एफआईआर, लाइसेंस रद्द
ग्वालियर। मध्यप्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर के बीच मचे हाहाकार के बीच मरीजों की जान से खिलवाड़ करने और लूटने के इरादे से संचालित अस्पताल संचालकों के खिलाफ सरकार ने शक्ति दिखाना शुरू कर दी है। कौन सी शिवराज सिंह चौहान के सख्त आदेश के बाद घर में प्राइवेट अस्पताल संचालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अस्पताल के लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं। संबंधित अस्पतालों को वर्तमान में भर्ती मरीजों के समुचित उपचार के बाद खाली करने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर के क्षआदेश के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने संबंधों के खिलाफ एफ आई आर दर्ज कराई है। जिला प्रशासन ने ग्वालियर स्थित लोटस अस्पताल , श्रद्धा नर्सिंग होम और मैक्स केयर के पंजीयन निरस्त कर दिए हैं साथ ही मां शीतला के संचालक के विरुद्ध एफ आई आर के आदेश जारी किए गए हैं। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में कोरोना मरीजों के उपचार के दौरान प्राइवेट अस्पतालों द्वारा लगातार ओवरचार्जिंग एवं लापरवाही की शिकायतें मिल रही थी इसके बाद शिरा सरकार ने सख्ती दिखाते हुए प्राइवेट अस्पतालों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे साथ ही इस संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों की टीम भी बनाई गई है जिस की अनुशंसा के आधार पर प्राइवेट अस्पतालों के खिलाफ लगातार आ रही शिकायतों की जांच एवं जो जांच के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। मालूम हो कि राजधानी भोपाल में भी प्राइवेट अस्पताल संचालकों के खिलाफ ओवर चार्जिंग की शिकायत मिलने के बाद जिला प्रशासन द्वारा सख्त कार्रवाई की गई है, यही नहीं इन प्राइवेट अस्पतालों के संचालकाें द्वारा वसूले गए करीब 18 लाख रुपए संबंधित मरीजों के परिजनों को वापस दिलाए गए हैं।