रेत खदान पर छापा, 22 ट्रक, दो डंपर और आठ पोकलेन मशीनें जब्त

रेत खदान पर छापा, 22 ट्रक, दो डंपर और आठ पोकलेन मशीनें जब्त

छतरपुर.
शासन ने 30 जून से रेत के उत्खनन पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। फिर भी अवैध उत्खनन बदस्तूर जारी है। बुधवार और गुरुवार की पूरी रात खनिज, राजस्व व पुलिस की संयुक्त टीम ने केन नदी के पास बरूआ खदान पर छापामार कार्रवाई करते हुए अवैध रेत से भरे 22 ट्रक और 2 डंपरों को पकड़ा है। 8 पोकलेन मशीनों को भी पकड़ा गया है।

हालांकि खनन करने वाले प्रशासन की टीम के पहंुचने से पहले ही भाग निकले। गुरुवार शाम तक सभी ट्रकों, डंपरों व मशीनों को गौरिहार थाने लाया गया। गौरतलब है कि चंदला और गौरिहार तहसील क्षेत्र से निकली केन नदी पर रेत माफिया सक्रिय है। यहां से बेहतर क्वाॅलिटी की रेत को निकालकर अवैध रूप से यूपी भेजा जाता हैं। जिला खनिज इंस्पेक्टर अजय मिश्रा ने बताया कि बरूआ खदान पर उत्खनन की शिकायत मिली थी।

इसके बाद कलेक्टर मोहित बुंदस के निर्देश पर  हमने यह कार्रवाई की। कार्रवाई में मेरे अलावा गौरिहार तहसीलदार राजेंद्र जोशी और सरवई, हिनौता व जुझारनगर थानों का पुलिस बल मौजूद था।

रेत का अवैध परिवहन रोकने के लिए तैनात पटवारियों को धमकियां दी जा रही हैं। इससे नाराज तहसील पटवारी संघ ने गुरुवार को तहसीलदार को एक ज्ञापन सौंपा। पटवारियों का आरोप है कि महाराजपुर विधायक नीरज दीक्षित के समर्थक निशांत तिवारी और बालमुकुंद चौबे ने धमकी दी है। हालांकि विधायक ने आरोपों को गलत बताया है।