आत्महत्या करते हुए दिया बच्ची को जन्म, पुलिस ने ऐसे बचाई नवजात की जान
जबलपुर
मध्य प्रदेश के कटनी जिले में गुरुवार (21 दिसंबर) को एक गर्भवती महिला ने छत से लटककर आत्महत्या कर ली। इस मामले में एक महिला दरोगा ने मृत महिला के नवजात को बचा लिया है। महिला दरोगा कविता साहनी ने महिला के गर्भ से आ जमीन पर आ गिरे नवजाक की जान बचा ली है। एएसपी विवेक लाल ने बताया कि पुलिस को सुबह करीब 7:15 बजे सूचना मिली कि एनकेजे थाना अंतर्गत दुर्गा चौक के बड़ी खिरहानी गांव निवासी संतोष सिंह की 36 वर्षीया पत्नी लक्ष्मी बाई ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।
जब महिला दरोगा कविता साहनी घटनास्थल पर पहुंची तो उन्होंने देखा कि महिला का शव गोशाला की छत से लटका है और उसके पैरों के नीचे एक नवजात बच्ची गर्भनाल से लिपटी पड़ी है।
दरोगा ने तत्काल नवजात को कपड़े में लपेटा और 108 एंबुलेंस सेवा को फोन किया। अस्पताल कर्मी तत्काल पहुंचे और उन्हें नवजात की नाल काटकर उसे कटनी अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसकी हालत स्थिर है। अस्पताल के एक डॉक्टर ने बताया कि नवजात को गहन चिकित्सा कक्ष में रखा गया है। बच्ची के स्वस्थ होने की पूरी संभावना है। डॉक्टर ने बताया कि नवजात गर्भ में आठ माह का है और इसे समय से पूर्व प्रसव होने का नुकसान नहीं होगा।
महिला दरोगा साहनी ने कहा, ‘मैंने अपनी ड्यूटी के दौरान आत्महत्या के कई मामले देखे हैं। लेकिन यह उन सबमें अप्रत्याशित है। नवजात रो रही थी और नाल से जुड़ी हुई मां की साड़ी और पैरों में उलझी हुई थी। वह काफी ठंड में पड़ी थी तभी मैंने उसे कपड़े में लिपटा और नर्स आने का इंतजार करने लगी।’
एएसपी लाल ने कहा कि आत्महत्या के कारणों का पता लगाया जा रहा है। परिजन लक्ष्मी की अंत्येष्टि में व्यस्त हैं, इसलिए उनका भी कोई बयान नहीं मिल पाया है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि संतोष ने पत्नी के साथ किसी प्रकार के विवाद से इनकार किया है। वे दोनों बुधवार रात 9 बजे सोने गए थे। जब वे सुबह 6 बजे उठे तो लक्ष्मी वहां नहीं थी। जब वे गोशाला में गए तो उन्होंने उसे वहां छत से लटका पाया।
बता दें कि दंपति के पहले से चार बच्चे हैं। इनमें सबसे बड़ी 16 साल की लड़की है। दंपति किसान हैं और सब्जियां उपजाने और बेचने का काम करता है।
bhavtarini.com@gmail.com 