लॉक डाउन का दूसरा दिन: कलेक्टर व डीआईजी ने पुराने शहर में संभाला मोर्चा

लॉक डाउन का दूसरा दिन: कलेक्टर व डीआईजी ने पुराने शहर में संभाला मोर्चा

भोपाल
राजधानी में तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के चलते भोपाल को सोमवार सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन किया गया है। शहर में लॉकडाउन के दूसरे दिन रविवार को सड़कों पर लोगों की आवाजाही नजर आम दिनों की अपेक्षा कम नजर आई। चारों तरफ सन्नाटा पसरा हुआ है। शहर मुख्य चौराहों को बेरिकेड्स लगाकर बंद कर दिया गया है। पूरे शहर में 180 स्थानों पर बेरिकेड्स लगाकर 2500 से अधिक जवान तैनात हैं, जो आने-जाने वालों से पूछताछ के बाद ही जाने दे रहे हैं। वहीं, कोलार में संक्रमण की रफ्तार सबसे अधिक होने के कारण सोमवार से लगातार सात दिन और टोटल लॉकडाउन रहेगा। नए और पुराने शहर में कलेक्टर अविनाश लवानिया और डीआईजी इरशाद वली ने मोर्चा संभाल रखा है। कलेक्टर व डीआईजी मुख्य सड़कों से लेकर अंदर की गलियों तक जाकर लोगों को समझा रहे हैं। वे आम जनता से घरों में रहने और मास्क लगाने की अपील कर रहे हैं।

लॉकडाउन के चलते शहर के प्रमुख चौराहों को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। साथ ही शहर के अंदरुनी इलाकों सहित कई आम रास्तों को पुलिस ने बंद कर दिया है। इससे आवश्यक सेवाओं में लगे लोगों को आवागमन में खासी परेशानी हो रही है। बेरिकेड्स होने की वजह से लोगों को कई जगह दो से तीन किलोमीटर दूर घूम कर जाना पड़ रहा है। बोर्ड आॅफिस, ज्योति टॉकीज चौराहा, रविशंकर नगर, चार इमली, कोलार, चेतक ब्रिज, अवधपुरी रोड, शाहपुरा, रोहित नगर, होशंगाबाद रोड को वन वे कर दिया। इससे आम जनता में नाराजगी है। इनका कहना है कि पुलिस को रास्ता बंद नहीं करना चाहिए।

प्रशासन ने कोरोना टीका लगाने के लिए लॉक डाउन में छूट दी है। इसका फायदा भी जमकर लोगों ने उठाया। अधिकांश लोगों जेब में आधार रख कर घूमते रहे। पुलिस के टोकने पर टीका लगाने की बात कह कर ये बच निकले। हालांकि इस दौरान कई ऐसे लोग भी थे, जो घरों के पास टीका लगाने के लिए गए। शहर में कई स्थानों पर कोरोना का टेस्ट कराने वालों की कतार भी देखने को मिली। आज भी शहर के तमाम इलाकों में वैक्सीन लगवाने वालों को छूट दी गई है।