मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन में अलीराजपुर-जबलपुर प्रदेश में अव्वल

मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन में अलीराजपुर-जबलपुर प्रदेश में अव्वल

भोपाल, रायसेन, बैतूल, धार, मंदसौर टाप-10 जिलों में शामिल

भोपाल। मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन कार्य में प्रदेश भर में बाजी मारकर जबलपुर पहले नंबर पर आ गया है। जनवरी माह में जबलपुर आठवें स्थान पर था। मुख्यमंत्री द्वारा की गई समीक्षा में मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन कार्य में जबलपुर व अलीराजपुर को एक समान अंक मिले हैं। जिससे दोनों जिले प्रदेश में अव्वल रहे। इस कार्य में सीधी, राजगढ़, रीवा, भोपाल, रायसेन, बैतूल, धार, मंदसौर टाप-10 जिलों में शामिल हैं। इसके विपरीत इंदौर व ग्वालियर क्रमश: 42 व 51 नंबर पर हैं। स्वास्थ्य विभाग के जिला कार्यक्रम प्रबंधक डीपीएम विजय पांडेय ने बताया कि राज्य शासन द्वारा मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन के लिए आठ बिंदु तय किए गए हैं। कलेक्टर इलैयाराजा टी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रत्नेश कुरारिया के निर्देश पर कार्ययोजना बनाकर मातृ स्वास्थ्य मूल्यांकन कार्य को बेहतर किया जा सका। उन्होंने कहा कि रक्तअल्पता यानि एनीमिया के कारण गर्भवती महिलाओं व गर्भस्थ शिशु की सेहत पर खतरा मंडराता है।

स्वास्थ्य संकेतक-
1-गर्भवती महिलाओं का प्रथम त्रैमास में स्वास्थ्य विभाग में पंजीयन।
2-पंजीकृत गर्भवती महिला की चार बार प्रसव पूर्व देखभाल।
3-एनीमिया ग्रसित गर्भवती महिलाओं की पहचान व उपचार।
4-गंभीर एनीमिया से ग्रसित गर्भवती महिलाओं की पहचान व उपचार।
5-गर्भवती महिलाओं में हार्ट संबंधी बीमारियों की पहचान व उपचार।
6-गर्भवती की प्रसव की अनुमानित तारीख की पोर्टल में दर्ज करना।
7-शासकीय संस्था में प्रसव उपरांत जननी सुरक्षा योजना का भुगतान।
8-प्रधानमंत्री सुरक्षा योजना अंतर्गत प्रसव उपरांत भुगतान।