मुख्यमंत्री ने क्यो दिलाया ट्राइडेंट लिमिटेड को अनुचित लाभ ?

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HeBetter MP Jyoti Dhawri, member of criminal proceedings also got registered: KK Mishra described how many investors still came after foreign visits: KK Mishra

किसानों की हजारों एकड़ जमीन अपने उद्योगपति मित्र को क्यों दिलाई, 3 करोड़ 12 लाख रू का बिजली बिल भी माफ क्यों किया?: केके मिश्रा

भोपाल। प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता केके मिश्रा ने किसान पुत्र मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान के निर्वाचन क्षेत्र बुधनी में मुख्यमंत्री द्वारा अपने उद्योगपति मित्र राजेन्द्र गुप्ता के अधिपत्य वाली मेसर्स ट्राइडेंट लिमिटेड को अनुचित लाभ पहुंचाने का गंभीर आरोप लगाया है।

HeBetter MP Jyoti Dhawri, member of criminal proceedings also got registered: KK Mishra described how many investors still came after foreign visits: KK Mishraश्री मिश्रा ने कहा है कि चंडीगढ़ से संबंध रखने वाले उद्योगपति मित्र श्री गुप्ता को लाभ पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री जी ने करीब 4000 एकड़ क्षेत्र में फैली इस कंपनी को सरकार और किसानों से औने-पौने दामों पर जबरिया एग्रीमेंट कर किसने-कितनी जमीन उपलब्ध कराई है तथा श्री गुप्ता केा किसानों से राजनैतिक दबाव का इस्तेमाल करते हुए औने-पौने दामों पर जमीनों का सौदा करवाकर दलाली खाने वाला व्यक्ति किस प्रभावी परिवार का सदस्य है ?

श्री मिश्रा ने दो और गंभीर आरोप लगाते हुए राज्य सरकार से यह भी पूछा है कि ऊर्जा विभाग, म.प्र. शासन ने 21 अक्टूबर 2014 को एक विशिष्ट आदेश जारी कर मेसर्स ट्राइडेंट कंपनी को विद्युत शुल्क से छूट देने के लिए निर्देशित किया गया, तद्नुसार वर्ष 2016 तक कंपनी को कुल 3 करोड़ 12 लाख रूप्ये की छूट प्रदान की गई ? एक ओर सरकार किसानों के बिजली बिलों को लेकर उन्हें जेल भेज रही है, वहीं दूसरी ओर अपने उद्योगपति मित्र को इतनी बड़ी राशि का बकाया बिजली बिल कैसे माफ किया गया? जबकि वर्ष 2016 को इस विषयक सामने आई केग की रिपोर्ट में भी गहरी आपत्ति जताते हुए इस छूट को अनुचित बताया गया है। दूसरा गंभीर आरोप लगाते हुए श्री मिश्रा ने कहा कि इस उद्योगपति मित्र को किसानों की जमीन अधिग्रहण से लेकर करोड़ों रू. के बिजली बिलों में दी गई छूट और नियम विरूद्व दी गई अन्य कई सरकारी सुविधाओं के एवज में हरियाणा प्रांत के रोहतक में लगभग 150एकड भूमि उपहार के रूप में किसे प्राप्त हुई है, सार्वजनिक होना चाहिए।

श्री मिश्रा ने कंपनी पर यह भी आरोप लगाया है कि किसानां की जमीन के अधिग्रहण के पूर्व यह तय किया गया था कि इस कंपनी में किसानों के बच्चों को रोजगार दिया जायेगा। जबकि किसी को भी रोजगार उपलब्ध नहीं कराया गया है, जिन्हें रेाजगार दिया गया है, वह भी किसी फर्जी कंपनी के नाम पर काम कर रहे हैं और इस कंपनी से निकल रहीं गंदगी सीधे नर्मदा नदी को न केवल प्रदूषित कर रही है, बल्कि इससे निकलने वाली गैस भी समूचे क्षेत्र के लिए परेशानी का सबब बन गई है, किन्तु राजनैतिक संरक्षण के कारण संबद्ध सरकारी विभाग कंपनी मालिक के खिलाफ कोई वैधानिक कार्यवाही नहीं कर पा रहे हैं। श्री मिश्रा ने मुख्यमंत्री के निर्वाचन क्षेत्र बुधनी में संचालिक मेसर्स ट्राइडेंट कंपनी को मुख्यमंत्री के मित्र होने के नाते किसानों के हितों को ठुकराते हुए पहुंचाने जा रहे अवैध लाभ /सुविधाओं और किसनों के साथ हो रहे शोषण को लेकर कांग्रेस के उक्त आरोपों पर मुख्यमंत्री श्री चौहान से अपनी स्थिति स्पष्ट करने को कहा है।