एकात्म यात्रा का उदे्श्य सर्वधर्म संम्भाव को जागृत करना

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Unknowingly travel must be awakened to the universal harmony

एकात्म यात्रा संबंधी बैठक सम्पन्न

asish malviya
अशोकनगर। एकात्म यात्रा का मुख्य उदे्श्य सर्वधर्म संम्भाव को जागृत करना है। साथ ही एकता के भाव का संदेश आमजन तक पहुंचाना है। इस आशय के विचार कलेक्टर बीएस जामोद द्वारा गुरूवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित गुरू आदि शंकराचार्य एकात्मा यात्रा के संबंध में आयोजित बैठक के दौरान व्यक्त किये।
कलेक्टर श्री जामोद ने कहा कि एकात्मा यात्रा को भव्य रूप दिये जाने के लिए जो सुझाव बैठक में दिये गये है। उन सुझावों के आधार पर यात्रा को यादगार बनाया जायेगा। यह यात्रा आध्यात्मिक संदेश के साथ-साथ शांति एवं परहित के भाव तथा एक दूसरे का सम्मान पैदा करने के लिए निकाली जा रही है। उन्होंने कहा कि संतो के कुशल मार्गदर्शन में जीवन के सदमार्ग पर चलने का यह सुनहरा अवसर जिले को प्राप्त होगा।

Unknowingly travel must be awakened to the universal harmonyबैठक में श्री रणछोरधाम के महंत स्वामी जी ने कहा कि गुरू आदि शंकराचार्य द्वारा धर्म एवं संस्कृति की स्थापना हेतु जनजागरण कर चारों दिशाओं में मठों की स्थापना कराई। उन्होंने शंकराचार्य के अध्यात्मवाद पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर पंडित कैलाशपति नायक ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा इस महत्वपूर्ण कार्य को किये जाने का जो बीड़ा उठाया गया है। वह निश्चित रूप से सराहनीय पहल है। एकात्म यात्रा के दौरान संत महात्माओं के दर्शन लाभ का अवसर जिले को प्राप्त होगा।

जिला समन्वयक जन अभियान परिषद शिवप्रताप भदौरिया ने बताया कि यह यात्रा 2 से 4 जनवरी तक जिले के शाढौरा, अशोकनगर, मुंगावली एवं चंदेरी में पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि एकात्म यात्रा को भव्य रूप देने के लिए समस्त ग्राम पंचायतों में से कलश यात्रा निकाली जाए। यात्रा के सफल संचालन हेतु एलसीडी के माध्यम से बनाई कार्ययोजना के बारे में विस्तांर से जानकारी दी। इस भव्य यात्रा के स्वागत के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में शंकराचार्य जी की पादुकाएं एवं ध्वाज की पूजा अर्चना की जाएगी। साथ ही जन संवाद कार्यक्रम के दौरान ग्राम पंचायतों द्वारा तांबे के पात्र में मिट्टी एवं जल का एकत्रीकरण किया जायेगा। उन्होंने विभिन्नं विभागों को सौंपे गये दायित्वों के बारे में जानकारी दी। साथ ही एकात्म यात्रा में भाग लेने वाले संत महात्मांओं के ठहरने एवं भोजन व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर अपर कलेक्टर एके चांदिल, विद्धवानगण, स्वंयसेवी संगठनों के पदाधिकारी, नवांकुर एवं प्रस्फुटन समितियों के सदस्य, अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।