रेत माफिया हमला कर एक ट्रक लेकर भागे, देवरी पर भी हुई मुठभेड

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रेत माफिया पुलिस व वन विभाग पर हावी, नही आते पकड में

awdhesh dandotia
मुरैना। बुधवार की सुबह नूराबाद थाना क्षेत्र में एक होटल पर चंबल के रेत से भरे दो ट्रक खडे हुए थे, जिनकी सूचना मिलने पर वन विभाग ने एसएएफ के जवानों के साथ उन्हें पकडने की कार्यवाही की। कार्यवाही देख आस पास के रेत माफिया के लोग आ गये और वन विभाग व एसएएफ की टीम पर हमला कर एक ट्रक ले भागे। उसी दौरान वन विभाग ने पुलिस को फोन कर दिया, तत्काल पुलिस के पहुंचने के चलते एक ट्रक कब्जे में आ गया, जिसे बानमोर थाने के सुपुर्द कर दिया गया है। इसके बाद मुरैना की तरफ भागे ट्रक की सूचना पाकर सिविल लाइन थाना पुलिस व वन विभाग की चौकी पर खडी फोरेस्ट पुलिस ने ट्रक को पकडने की कोशिश की, लेकिन माफिया हौसलों के आगे वह बोने साबित हुए।

Sand Mafia raided a truck carrying the assault on Deoriप्राप्त जानकारी के अनुसार वन विभाग की टीम को बुधवार की सुबह सूचना मिली कि नूराबाद एबी रोड स्थित रामखिलाडी होटल पर चंबल के रेत से भरे दो ट्रक खडे हुए है और प्लास्टिक की त्रिपाल से ढके हुए है। उक्त सूचना पर से वन विभाग की टीम एसएएफ जवानों को लेकर होटल पर पहुंची और दोनों ट्रकों को कब्जे में लेने की कोशिश कर रही थी, तभी रेत माफियाओं ने ग्रामीणों को एकत्रित कर लिया और टीम पर हमला कर दिया। टीम अपना बचाव करने में जुटी रही, तब तक रेत माफिया एक ट्रक को लेकर फरार हो गये। किसी तरह वन विभाग की टीम ने पुलिस को सूचना दी, जिस पर से नूराबाद, बानमोर थाना पुलिस एवं एसडीओपी मौके पर पहुंचे और एक ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया। इधर रेत माफिया जो एक ट्रक लेकर भागा, उसकी सूचना मुरैना की तरफ जाने की थी, जिस पर से सिविल लाइन थाना पुलिस एवं वन विभाग की चौकी पर तैनात फोरेस्ट पुलिस अलर्ट हो गई। जैसे ही ट्रक पहुंचा तो रेत माफिया ने पुलिस व फोरेस्ट जवानों पर ट्रक चढाने की कोशिश की और लेकर भाग निकला तथा पुलिस हाथ मलती रह गई।

उल्लेखनीय है कि मुरैना जिले में चंबल नदी से रेत का उत्खनन पूरी तरह प्रतिबंधित है, लेकिन इसके बावजूद दो दशक से जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन व वन विभाग इसे रोकने में नाकामयाब रहा है। इस दौरान रेत माफियाओं व पुलिस व प्रशासन के बीच कई बार आमने-सामने फायरिंग हुई है तथा कई पुलिस वालों को रेत माफियाओं ने अपने वाहनों से कुचलने की कोशिश की है। पूर्व में एक प्रशिक्षु आईपीएस नरेन्द्र कुमार को पत्थर माफिया अपने वाहन से कुचलकर मौत के घाट उतार चुका है। जब-जब रेत माफिया व प्रशासन के बीच जंग हुई है तब कुछ दिन तक तो इस पर रोक लगी है, लेकिन कुछ दिन गुजरने के बाद ही रेत माफिया पुन: अवैध उत्खनन में लिप्त हो जाते है। शहर में आये दिन पुलिस व वन विभाग की टीम द्वारा रेत माफियाओं को पकडने की कोशिश की जा रही है, लेकिन रेत माफिया पुलिस के हाथ ना आते हुए रेत को सडक पर फैलाते हुए निकल जाते है। बहरहाल बुधवार को पुलिस ने एक रेत से भरा 10 चक्का ट्रक जप्त कर वन विभाग के सुपुर्द कर दिया है।